नई दिल्ली। केंद्र सरकार मानसून सत्र के दौरान बुधवार को लोकसभा में पारित कराने के लिए बैंकिंग विनियमन (संशोधन) विधेयक (Banking Regulation (Amendment) Bill 2020) को पेश करेगी। वह किसानों पर भी दो विधेयक पेश करेगी।

कृषक उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सरलीकरण) विधेयक, 2020 और कृषक (सशक्तिकरण और संरक्षण) कीमत आश्वासन और कृषि सेवा पर करार विधेयक 2020 जो अन्य विधेयक हैं जिन्हें अपराह्न 3 बजे के बाद पेश किया जाएगा।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बैंकिंग विनियमन अधिनियम (संशोधन) विधेयक, 2020 पर विचार करने और पारित कराने के लिए प्रस्ताव पेश करेंगी। यह बैंकिंग विनियमन अधिनियम, 1949 में संशोधन है।

सीतारमण विधेयक को नए संशोधनों के साथ आगे बढ़ाएंगी। सत्र के पहले दिन, सीतारमण ने विधेयक को यह कहते हुए वापस ले लिया था कि भारतीय रिजर्व बैंक को संकटग्रस्त सहकारी बैंकों के पुनर्गठन का मौका देने के लिए कुछ नई चीजों को जोड़ने के लिए इसे वापस लिया जा रहा है, जो बेहद जरूरी है।

बजट सत्र के दौरान इस वर्ष 3 मार्च को विधेयक पारित किया गया था और बाद में एक अध्यादेश पारित किया गया था।

हालांकि, कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर कृषक उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सरलीकरण) विधेयक, 2020 को एक पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण के लिए प्रस्तावित करेंगे, जहां किसान और व्यापारी बिक्री और खरीद से संबंधित चयन की स्वतंत्रता का लाभ पाते हैं।

वहीं, कृषक (सशक्तिकरण और संरक्षण) कीमत आश्वासन और कृषि सेवा पर करार विधेयक, 2020 किसानों को कृषि करारों के संबंध में निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से पारस्परिक रूप से सहमत लाभकारी कीमत रूपरेखा पर कृषि सेवाओं और कृषि उत्पादों की बिक्री के लिए कृषि व्यापार फर्मो, प्रोसेसर, थोक विक्रेताओ, निर्यातकों या बड़ी संख्या में फुटकर विक्रेताओं के साथ कृषकों का संरक्षण करते हैं, सशक्त बनाते हैं।

–आईएएनएस

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