एसओएल के जरिये डीयू में दाखिले के लिए बचे हैं 24 घंटे

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नई दिल्ली, 30 दिसंबर । इस वर्ष दिल्ली विश्वविद्यालय को स्नातक पाठ्यक्रमों के लिए रिकॉर्ड संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं। उम्मीदवारों की बढ़ी तादाद के बावजूद अभी भी देशभर के छात्रों के लिए दिल्ली विश्वविद्यालय में ओपन लर्निग (एसओएल) के माध्यम से स्नातक की पढ़ाई करने का एक आखिरी मौका बचा है। एसओएल के माध्यम से डीयू में प्रवेश लेने के लिए लगभग 24 घंटे बाकी हैं।

ऐसे छात्र जो दिल्ली विश्वविद्यालय के अंडर ग्रेजुएट कोर्स में ओपन लर्निग के माध्यम से दाखिला लेने की अंतिम तारीख पहले 30 नवंबर थी। हालांकि इसे बढ़ाकर 31 दिसंबर किया जा चुका है। दिल्ली विश्वविद्यालय में ओपन डिस्टेंस लर्निग और ऑनलाइन मोड में होने वाली पढ़ाई के लिए आवेदन की अंतिम तिथि एक माह बढ़ाने का निर्णय विश्वविद्यालय अनुदान आयोग यानी यूजीसी ने किया था।

यूजीसी द्वारा लिए गए इस निर्णय के बाद दिल्ली विश्वविद्यालय में स्कूल ऑफ ओपन लर्निग में आवेदन की अंतिम तिथि 31 दिसंबर कर दी गई थी। यानी अब स्कूल ऑफ ओपन लर्निग में आवेदन के लिए लगभग 24 घंटे का समय ही बचा है।

दिल्ली विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ ओपन लर्निग के विशेष कार्य अधिकारी प्रोफेसर उमाशंकर पांडेय के मुताबिक, छात्रों के लिए यह एक बड़ी राहत है। इस वर्ष दिल्ली विश्वविद्यालय में 30 नवंबर तक केवल 86 हजार छात्रों ने ही दाखिला लिया था। पिछले वर्ष के मुकाबले छात्रों की यह संख्या लगभग 55 हजार कम थी।

दिल्ली विश्वविद्यालय में एसओएल प्रशासन व दाखिला के कोआर्डिनेट ने इस तिथि बढ़ाने के लिए एक पत्र भी यूजीसी को लिखा था। इस पत्र के माध्यम से दिल्ली विश्वविद्यालय ने कहा, एसओएल में वंचित वर्ग व कम अंक फीसद वाले सरकारी स्कूलों के छात्र अधिक होते हैं। Covid-19 से उपजी स्थिति के कारण उन लोगों को दाखिला के लिए अधिक समय चाहिए। इसलिए यूजीसी को तिथि बढ़ाने पर विचार करना चाहिए।

इस पत्र को ध्यान में रखते हुए यूजीसी ने एसओएल में दाखिले की तिथि 30 दिन के लिए बढ़ाई थी। हालांकि अब इसे फिर से आगे बढ़ाए से आगे बढ़ाए से आगे बढ़ाए जाने का कोई प्रस्ताव नहीं है। विश्वविद्यालय प्रशासन के मुताबिक, 31 दिसंबर के बाद नए दाखिले नहीं किए जाएंगे।

इस बार दिल्ली विश्वविद्यालय को बीते 4 वर्षों में सबसे अधिक आवेदन मिले हैं। ग्रेजुएशन पाठ्यक्रमों की लगभग 70 हजार सीटों के लिए साढ़े तीन लाख से अधिक छात्रों ने आवेदन किया है। ईडब्ल्यूएस का कोटा लागू होने के कारण सीटों की संख्या 70,000 हो गई है। इस वर्ष आवेदनों की संख्या भी बीते वर्ष की तुलना में लगभग 96 हजार अधिक है।

वर्ष 2019 में स्नातक पाठ्यक्रमों के लिए डीयू को 258388 आवेदन प्राप्त हुए थे, जबिक वर्ष 2018 में 2,78574, वर्ष 2017 में 2,21,309 छात्रों ने स्नातक पाठ्यक्रमों में दाखिला के लिए अंडर ग्रेजुएट पाठ्यक्रमों के लिए आवेदन किया था।

–आईएएनएस

जीसीबी/एसजीके